Login
Lorem ipsum dolor sit amet, consectetur adipiscing elit. Morbi adipiscing gravdio, sit amet suscipit risus ultrices eu. Fusce viverra neque at purus laoreet consequa. Vivamus vulputate posuere nisl quis consequat.
Create an accountLost your password? Please enter your username and email address. You will receive a link to create a new password via email.
Pregnancy Diet Chart: गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में हर महिला को खानी चाहिठये चीजें, सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रहेगा बचà¥à¤šà¤¾
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान महिलाओं को अपने खान-पान (Pregnancy Diet) का खास खà¥à¤¯à¤¾à¤² रखना पड़ता है. उनके दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ खाई जा रही हर चीज का सीधा असर होने वाले बचà¥à¤šà¥‡ की सेहत पर पड़ता है. जानिà¤, पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में किस तरह की डाइट (Pregnancy Diet Chart) से होने वाली मां और बचà¥à¤šà¤¾, दोनों सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रह सकते हैं.
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में खान-पान का रखें खास खà¥à¤¯à¤¾à¤²
सà¥à¤¬à¤¹ से लेकर रात तक का बनाà¤à¤‚ हेलà¥à¤¦à¥€ रूटीन
अचà¥à¤›à¥€ पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी डाइट से होने वाला बचà¥à¤šà¤¾ à¤à¥€ रहेगा सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥
Pregnancy Diet Chart: गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में हर महिला को खानी चाहिठये चीजें, सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रहेगा बचà¥à¤šà¤¾
नई दिलà¥à¤²à¥€: गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को अपने खान-पान (Pregnancy Diet) का विशेष खà¥à¤¯à¤¾à¤² रखना पड़ता है ताकि बचà¥à¤šà¤¾ और मां, दोनों सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ रहें. गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान शरीर में होने वाले हॉरà¥à¤®à¥‹à¤¨à¤² असंतà¥à¤²à¤¨ (Hormonal Imbalance) के कारण कई तरह के बदलाव होते हैं. à¤à¤¸à¥‡ में काफी चीजों पर धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देने की जरूरत होती है.
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं के लिठडाइट चारà¥à¤Ÿ
तमाम शारीरिक और à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤• बदलावों (Emotional Changes) के बीच कई बार महिलाà¤à¤‚ खà¥à¤¦ à¤à¥€ परेशान हो सकती हैं कि आखिर उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान किस तरह की डाइट लेनी चाहिà¤. यहां जानिठसà¥à¤¬à¤¹ के नाशà¥à¤¤à¥‡ से लेकर रात के खाने तक का पूरा पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी डाइट चारà¥à¤Ÿ (Pregnancy Diet Chart).
सà¥à¤¬à¤¹ का नाशà¥à¤¤à¤¾
सà¥à¤¬à¤¹ का नाशà¥à¤¤à¤¾ (Breakfast) हर किसी के लिठबहà¥à¤¤ जरूरी होता है और बात जब गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला की होती है तो इसका महतà¥à¤µ बढ़ जाता है. उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ इस बात का खासतौर पर धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखना चाहिठकि वे सà¥à¤¬à¤¹ समय पर हेलà¥à¤¦à¥€ नाशà¥à¤¤à¤¾ (Healthy Breakfast) करें. पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान कई महिलाà¤à¤‚ मॉरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग सिकनेस (Morning Sickness) का अनà¥à¤à¤µ करती हैं. समय पर सही नाशà¥à¤¤à¤¾ आपको इससे व दूसरी परेशानियों से राहत दिलाने में मदद करता है.
इस दौरान आपको फल, दूध और डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸ को अपने नाशà¥à¤¤à¥‡ में शामिल करना चाहिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि ये आपकी और बचà¥à¤šà¥‡ की हेलà¥à¤¥ के लिठबहà¥à¤¤ आवशà¥à¤¯à¤• हैं. सà¥à¤¬à¤¹ के नाशà¥à¤¤à¥‡ (Pregnancy Breakfast Diet) में आप ये खा सकती हैं-
1. 1 कटोरी सेंवई
2. 1 कटोरी दलिया
3. 1 कटोरी सबà¥à¤œà¥€ या उपमा
4. 2 ताजे फल और 5 बादाम या 1 अखरोट
5. वेजिटेबल सैंडविच या 1 ऑमलेट या 50 गà¥à¤°à¤¾à¤® पनीर
6. सबà¥à¤œà¥€ या दही के साथ 2 आलू या गाजर के पराठे
7. 1 गà¥à¤²à¤¾à¤¸ दूध/बटर मिलà¥à¤• या फोरà¥à¤Ÿà¤¿à¤«à¤¾à¤‡à¤¡ संतरे का जूस
8. हलà¥à¤•े मकà¥à¤–न के साथ Whole Grain Bread Toast के दो सà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤¸
दोपहर का खाना
आपको दोपहर में संतà¥à¤²à¤¿à¤¤ आहार (Balanced Diet) का सेवन करना चाहिà¤. अपने दोपहर के खाने यानी लंच (Lunch) में दही, छाछ और सूप को जरूर शामिल करें. जानिà¤, पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कैसी हो लंच डाइट (Pregnancy Lunch Diet).
1. दो रोटी के साथ 1 कटोरी दाल
2. à¤à¤• कटोरी सलाद और थोड़ा सा रायता
3. à¤à¤• कटोरी दही/पनीर/सबà¥à¤œà¥€/मिकà¥à¤¸ वेज
4. à¤à¤• कटोरी चिकन के साथ रोटी या चावल
5. à¤à¤• कटोरी पालक पनीर के साथ रोटी या चावल
6. चावल से बनी कोई à¤à¥€ डिश (जीरा, मटर या लेमन राइस) रायता या दही के साथ
शाम का नाशà¥à¤¤à¤¾
शाम के सà¥à¤¨à¥ˆà¤•à¥à¤¸ (Evening Snacks) के रूप में आप फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸, डà¥à¤°à¤¾à¤ˆ फà¥à¤°à¥‚टà¥à¤¸, जूस, हलवा, चना, ओटà¥à¤¸ आदि खा सकती हैं. ये विटामिन, पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, फाइबर, आयरन व उन सà¤à¥€ पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ से à¤à¤°à¤ªà¥‚र होते हैं, जिनकी आपको इस समय जरूरत होती है.
1. à¤à¤• कप दूध
2. à¤à¤• कप गà¥à¤°à¥€à¤¨ टी
3. à¤à¤• कटोरी दलिया
4. à¤à¤• कटोरी à¤à¥à¤¨à¤¾ हà¥à¤† चना
5. कम मिठास वाला गाजर का हलवा
6. ताजे फल या उसका जूस
7. पांच-दस बादाम, अखरोट या खजूर
8. à¤à¤• उबला अंडा या à¤à¤• कटोरी सà¥à¤ªà¥à¤°à¤¾à¤‰à¤Ÿà¥à¤¸
रात का खाना
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को रात के समय (Pregnancy Dinner Diet) हलà¥à¤•ा खाना à¤à¥‹à¤œà¤¨ करना चाहिठताकि उसे हजम होने में किसी तरह की कोई दिकà¥à¤•त या परेशानी न हो. जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° डॉकà¥à¤Ÿà¤° à¤à¥€ यही सलाह देते हैं.
1. थोड़ा सा सलाद
2. à¤à¤• कटोरी दही
3. à¤à¤• कटोरी सबà¥à¤œà¥€
4. छाछ के साथ सादा पराठा
5. à¤à¤• कटोरी दही के साथ खिचड़ी
6. घी के साथ जà¥à¤µà¤¾à¤° या बाजरे की रोटी
7. à¤à¤• कटोरी दाल के साथ 2-3 रोटी
8. वेजिटेबल पà¥à¤²à¤¾à¤µ या चिकन राइस के साथ रायता
बेड टाइम डाइट
कà¥à¤› महिलाओं को पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¥‚ख लगती है. अगर आपके साथ à¤à¥€ à¤à¤¸à¤¾ हो रहा है तो सोने से पहले आप 1 फल या 1 कप दूध का सेवन कर सकती हैं.
इन चीजों का जरूर करें सेवन
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान महिलाà¤à¤‚ अपने डॉकà¥à¤Ÿà¤° और बड़े-बà¥à¤œà¥à¤°à¥à¤—ों से खान-पान संबंधी सलाह लेती हैं. इस दौरान कà¥à¤› चीजों का सेवन तो हर रोज करना चाहिà¤, जिससे होने वाले मां और बचà¥à¤šà¥‡ की सेहत दà¥à¤°à¥à¤¸à¥à¤¤ रहे.
हरी पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान आपका सेहदमंद रहना बहà¥à¤¤ जरूरी है. गरà¥à¤ में पल रहे शिशॠको सà¥à¤µà¤¸à¥à¤¥ रखने के लिठकई बातों का खà¥à¤¯à¤¾à¤² रखना पड़ता है. इस दौरान आपके शरीर को à¤à¤¾à¤°à¥€ मातà¥à¤°à¤¾ में विटामिन (Vitamin), पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ (Protein) और वसा की जरूरत होती है इसलिठआपको अपने खान-पान में पालक, पतà¥à¤¤à¤¾à¤—ोà¤à¥€ और बà¥à¤°à¥‹à¤•ली जैसी हरी पतà¥à¤¤à¥‡à¤¦à¤¾à¤° सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ (Green Vegetables) शामिल करनी चाहिà¤.
पालक में मौजूद आयरन ततà¥à¤µ से गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में खून की कमी दूर होती है. इसके अलावा आपको बीनà¥à¤¸ और शलजम à¤à¥€ खाना चाहिà¤. इनमें फाइबर, पà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨, आयरन और कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® की मातà¥à¤°à¤¾ अधिक होती है, जिनकी आपको खास जरूरत होती है.
डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ à¤à¥€ हैं जरूरी
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला के लिठदूध, छाछ, दही और घी (Ghee) का सेवन बहà¥à¤¤ जरूरी होता है. गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान बचà¥à¤šà¥‡ के विकास के लिठपà¥à¤°à¥‹à¤Ÿà¥€à¤¨ और कैलà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤® (Calcium) की जरूरत होती है. अपनी डाइट (Pregnancy Diet) में सà¤à¥€ डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ को शामिल करें. गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के चौथे या पांचवे महीने में आपको डेयरी पà¥à¤°à¥‹à¤¡à¤•à¥à¤Ÿà¥à¤¸ को अपनी डाइट में जरूर शामिल करना चाहिà¤.
फल और जूस का सेवन न à¤à¥‚लें
डॉकà¥à¤Ÿà¤° दिन में कम से कम à¤à¤• सेब, दो केले व अनà¥à¤¯ फलों का सेवन करने का सà¥à¤à¤¾à¤µ देते हैं. ताजे फल और उनके जूस का सेवन गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान होने वाली कई परेशानियों को खतà¥à¤® कर देता है. सेब, तरबूज, संतरा, नाशपाती और इनके रस का à¤à¥€ सेवन किया जा सकता है. लेकिन पपीता, अनानास और अंगूर जैसे कà¥à¤› फलों का परहेज करना चाहिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि बचà¥à¤šà¥‡ पर इनका असर काफी खराब होता है.
साबà¥à¤¤ अनाज à¤à¥€ रहेंगे फायदेमंद
गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को अपनी डाइट (Pregnancy Diet) में साबà¥à¤¤ अनाज (Whole Grains) शामिल करने चाहिà¤. जैसे ही आपके शिशॠका विकास शà¥à¤°à¥‚ होता है, उसे पोषक ततà¥à¤µà¥‹à¤‚ की जरूरत होती है, जिसके लिठआपका शरीर खून को जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ मातà¥à¤°à¤¾ में बनाना शà¥à¤°à¥‚ कर देता है. सेहतमंद रहने के लिठसाबà¥à¤¤ अनाज का सेवन बहà¥à¤¤ जरूरी है.
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान गैस और कबà¥à¤œ की समसà¥à¤¯à¤¾ होना आम बात है लेकिन अगर आप साबà¥à¤¤ अनाज को अपने खान-पान में शामिल करती हैं तो ये आपकी गैस और कबà¥à¤œ को à¤à¥€ दूर करने में काफी हद तक सहायता करते हैं.
| --------------------------- | --------------------------- |